Tomorrow's choghadiya for Rajkot · रविवार
यह 25 अक्टूबर 2026, रविवार का चौघड़िया है। आज का चौघड़िया देखिए →
| चौघड़िया | समय | |
|---|---|---|
| उद्वेग | 6:47 AM – 8:13 AM | |
| चर | 8:13 AM – 9:39 AM | |
| लाभ | 9:39 AM – 11:05 AM | |
| अमृत | 11:05 AM – 12:31 PM | |
| काल | 12:31 PM – 1:57 PM | |
| शुभ | 1:57 PM – 3:23 PM | |
| रोग | 3:23 PM – 4:48 PM | |
| उद्वेग | 4:48 PM – 6:14 PM |
| चौघड़िया | समय | |
|---|---|---|
| शुभ | 6:14 PM – 7:48 PM | |
| अमृत | 7:48 PM – 9:23 PM | |
| चर | 9:23 PM – 10:57 PM | |
| रोग | 10:57 PM – 12:31 AM | |
| काल | 12:31 AM – 2:05 AM | |
| लाभ | 2:05 AM – 3:39 AM | |
| उद्वेग | 3:39 AM – 5:14 AM | |
| शुभ | 5:14 AM – 6:48 AM |
चौघड़िया का अर्थ है चार घड़ी, यानी दिन या रात का आठवाँ भाग — बारह घंटे के दिन में लगभग डेढ़ घंटा। दिन को सूर्योदय से सूर्यास्त तक आठ बराबर भागों में बाँटा जाता है, और रात को सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक आठ भागों में। हर भाग किसी ग्रह का होता है और उसी से वह शुभ, अशुभ या सम माना जाता है।
चूँकि यह सूर्योदय और सूर्यास्त से बनता है, हर शहर का चौघड़िया अलग होता है। राजकोट में कल दिन 11 घंटे 27 मिनट का होगा, इसलिए यहाँ हर चौघड़िया लगभग 1 घंटे 26 मिनट का है।
अमृत, शुभ और लाभ शुभ माने जाते हैं, चर सम, और उद्वेग, काल और रोग अशुभ। कौन सा चौघड़िया किस वार को कहाँ पड़ेगा, यह वार के स्वामी ग्रह से तय होता है — इसीलिए यह हर दिन बदलता है।
चौघड़िया कैसे बनता है, हर वार का पूरा क्रम →